March 21, 2026

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राजनीतिक संघर्ष बनाम गिफ्टेड राजनीति

विजय सिन्हा

विजय सिन्हा

  • नेता प्रतिपक्ष पर उपमुख्यमंत्री का तीखा प्रहार, सत्ता गिफ्ट में मिली, जिम्मेदारी निभाने में विफल। राजनीतिक संघर्ष पर सवाल उठाए।

बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा ने रविवार को एक बयान जारी कर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने तेजस्वी यादव की राजनीतिक योग्यता पर सवाल उठाते हुए कहा कि वे केवल दो पूर्व मुख्यमंत्रियों की संतान होने के आधार पर राजनीति में ऊंचा स्थान हासिल कर सके। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि तेजस्वी ने राजनीतिक संघर्ष के बजाय केवल मुद्दाविहीन बहस का सहारा लिया है। उन्होंने दावा किया कि नेता प्रतिपक्ष को अपनी उपलब्धियों पर बोलने से पहले अपने माता-पिता की राजनीतिक विरासत का लेखा-जोखा देना चाहिए।

उपमुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि तेजस्वी यादव को गिफ्ट में मिली राजनीतिक ताकत का सही उपयोग करना तो दूर, वे जनता के हितों से भी विमुख हो गए हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि तेजस्वी न तो खेल के क्षेत्र में सफलता पा सके और न ही शिक्षा के क्षेत्र में कोई प्रभाव छोड़ पाए।

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विजय सिन्हा ने तेजस्वी यादव को सीधी चुनौती देते हुए कहा कि वे कभी भी उनकी राजनीतिक उपलब्धियों पर बहस के लिए तैयार हैं। उन्होंने अपनी राजनीतिक यात्रा का उल्लेख करते हुए कहा कि पोलिंग एजेंट से लेकर उपमुख्यमंत्री तक का सफर उन्होंने जनता और शासन के साथ सामंजस्य बनाकर और निःस्वार्थ भाव से जिम्मेदारियां निभाते हुए तय किया है।

इसके विपरीत, उन्होंने तेजस्वी यादव पर परिवारवाद को बढ़ावा देने और जनता की आकांक्षाओं की अनदेखी करने का आरोप लगाया। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि राजद और कांग्रेस जैसी पार्टियां लोकतंत्र में विश्वास नहीं करतीं और उनका ध्यान केवल परिवार के सदस्यों पर केंद्रित है। उन्होंने कहा कि इन पार्टियों की राजनीति में जनता के हित कहीं नहीं दिखते।

विजय सिन्हा ने तेजस्वी यादव की राजनीति को परिवारवाद और व्यक्तिगत स्वार्थ का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि तेजस्वी यादव जैसे नेता जनता के मुद्दों पर ध्यान देने के बजाय व्यक्तिगत राजनीतिक फायदे की तलाश में रहते हैं। उनका कहना था कि सत्ता की जिम्मेदारी निभाने के लिए केवल नाम और विरासत पर्याप्त नहीं, बल्कि संघर्ष और जनता के प्रति समर्पण की आवश्यकता होती है।

इस तीखे बयान के बाद बिहार की राजनीति में एक बार फिर परिवारवाद बनाम लोकतांत्रिक मूल्यों की बहस गरमा गई है। उपमुख्यमंत्री ने अपने बयान से यह साफ कर दिया कि वे तेजस्वी यादव की राजनीति को केवल “गिफ्टेड पॉलिटिक्स” मानते हैं और इसे जनता के विश्वास के साथ धोखा करार देते हैं।

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