February 6, 2026

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(बजट-दो) आय छुपाने पर अब 100 प्रतिशत तक जुर्माना

Budget 2026
  • नया आयकर कानून 1 अप्रैल 2026 से लाग, टैक्सपेयर्स को राहत और सख्ती दोनों। संशोधित रिटर्न की अंतिम तिथि 31 मार्च तक बढ़ी

Khabari Chiraiya Desk : पेश बजट 2026-27 में वित्त मंत्री Nirmala Sitharaman ने आयकर से जुड़े कई बड़े बदलावों की घोषणा की है। सबसे अहम फैसला यह है कि नया आयकर अधिनियम 1 अप्रैल 2026 से लागू होगा। यह नया कानून वर्ष 1961 के पुराने और जटिल आयकर कानून की जगह लेगा। सरकार का कहना है कि नया कानून सरल, स्पष्ट और करदाताओं के लिए समझने में आसान होगा। नए नियम और प्रपत्र जल्द अधिसूचित किए जाएंगे ताकि लोगों को तैयारी का पर्याप्त समय मिल सके।

सरकार ने करदाताओं को बड़ी राहत देते हुए संशोधित आयकर रिटर्न दाखिल करने की अंतिम तिथि 31 मार्च तक बढ़ा दी है। अब करदाता नाममात्र शुल्क देकर अपनी गलती सुधार सकते हैं। हालांकि नियमित आयकर रिटर्न दाखिल करने की अंतिम तिथि 31 जुलाई ही रहेगी, इसमें कोई बदलाव नहीं किया गया है। इस कदम का उद्देश्य कर अनुपालन को आसान बनाना और अनावश्यक दंड के डर को कम करना बताया गया है।

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विदेश यात्रा और विदेश में पढ़ाई से जुड़े भुगतान पर कर संग्रह स्रोत पर दर में बड़ी कटौती की गई है। विदेशी टूर पैकेज पर टीसीएस दर घटाकर 2 प्रतिशत कर दी गई है। इसी तरह उदार प्रेषण योजना के तहत शिक्षा और चिकित्सा शिक्षा के लिए विदेश भेजी जाने वाली राशि पर भी टीसीएस 5 प्रतिशत से घटाकर 2 प्रतिशत कर दिया गया है। इससे विदेश में पढ़ाई करने वाले छात्रों और उनके परिवारों को सीधी राहत मिलेगी।

छोटे करदाताओं के लिए सरकार छह महीने की विदेशी संपत्ति घोषणा योजना लाने जा रही है। इसके तहत करदाता अपनी विदेशी संपत्ति की जानकारी स्वेच्छा से दे सकेंगे। साथ ही अनिवासी व्यक्तियों द्वारा संपत्ति बेचने पर स्रोत पर कर कटौती का प्रावधान किया गया है।
सरकार ने सख्ती भी बढ़ाई है। आय कम दिखाने या गलत जानकारी देने पर अब कर राशि के बराबर यानी 100 प्रतिशत तक जुर्माना लगाया जाएगा। इसका उद्देश्य कर चोरी पर रोक लगाना है। साथ ही नियम आधारित और स्वचालित प्रक्रिया लागू करने का प्रस्ताव रखा गया है, जिससे कर प्रणाली अधिक पारदर्शी और कम मानवीय हस्तक्षेप वाली बने।

एक महत्वपूर्ण घोषणा सड़क दुर्घटना पीड़ितों के लिए की गई है। मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण द्वारा दिए जाने वाले मुआवजे को आयकर से मुक्त किया जाएगा। इससे दुर्घटना प्रभावित परिवारों को आर्थिक राहत मिलेगी।

कुल मिलाकर बजट 2026-27 में आयकर व्यवस्था को सरल बनाने, करदाताओं को राहत देने और कर अनुपालन को मजबूत करने की दिशा में बड़े कदम उठाए गए हैं। साथ ही गलत जानकारी देने वालों पर सख्ती बढ़ाकर सरकार ने स्पष्ट संदेश दिया है कि पारदर्शिता और ईमानदारी अब कर प्रणाली की आधारशिला होगी।

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